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Shark Tank India 5: छपरा के 3 युवाओं ने बनाया ‘देसी बुर्ज खलीफा’, RCX Light से किसी भी बिल्डिंग को बना देते हैं डिजिटल स्क्रीन

Published On: January 28, 2026
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RCX Light startup-Shark Tank India 5
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RCX Light startup

Shark Tank India 5 में बिहार के छपरा से आए तीन युवाओं ने अपने स्टार्टअप RCX Light से सबको चौंका दिया। यह स्टार्टअप पिक्सल डॉट टेक्नोलॉजी के जरिए किसी भी बिल्डिंग को डिजिटल स्क्रीन में बदल देता है। YouTube पर वायरल प्रोटोटाइप से शुरू हुई यह कहानी आज RBI और रेलवे जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स तक पहुंच चुकी है।

Shark Tank India 5 में जब बिहार के छपरा से आए तीन युवाओं ने स्टेज पर कदम रखा, तो शायद किसी ने नहीं सोचा था कि उनका स्टार्टअप इतना अलग होगा। RCX Light नाम का यह स्टार्टअप किसी भी आम बिल्डिंग को कुछ ही देर में डिजिटल स्क्रीन में बदल देता है। जिस तरह दुबई के बुर्ज खलीफा पर लाइट शो होता है, कुछ वैसा ही कमाल अब भारत में भी देखने को मिल रहा है।


Burj Khalifa जैसी लाइट शो तकनीक कैसे काम करती है?

RCX Light जिस तकनीक पर काम करता है, उसे पिक्सल डॉट टेक्नोलॉजी कहा जाता है। इसे आसान शब्दों में समझें तो यह ऐसी लाइट्स होती हैं, जो बिल्कुल मोबाइल या टीवी स्क्रीन के पिक्सल्स की तरह काम करती हैं। इन छोटी-छोटी लाइट्स को किसी भी बिल्डिंग की बाहरी दीवार पर लगाया जाता है। जब ये सभी लाइट्स एक साथ जलती हैं, तो पूरी बिल्डिंग एक डिजिटल डिस्प्ले बन जाती है।

इस तकनीक की मदद से बिल्डिंग पर टेक्स्ट, फोटो, वीडियो और विज्ञापन तक चलाए जा सकते हैं। यही वजह है कि दूर से देखने पर ऐसा लगता है जैसे पूरी इमारत पर बड़ी स्क्रीन लगा दी गई हो।

RCX Light की यह तकनीक खासतौर पर विवाह समारोह, सरकारी इमारतों, रेलवे ऑफिस और बड़े आयोजनों में इस्तेमाल की जा रही है, जहां लोगों का ध्यान आकर्षित करना सबसे ज़रूरी होता है।


RCX Light के फाउंडर्स कौन हैं?

RCX Light की शुरुआत बिहार के छपरा में रहने वाले तीन युवाओं ने मिलकर की है। इन तीनों के नाम हैं प्रिंस कुमार, रवि चंद शर्मा और रवि कुमार। तीनों की उम्र और बैकग्राउंड अलग-अलग है, लेकिन सोच एक ही — कुछ नया और बड़ा करना।

रवि चंद शर्मा (26 वर्ष) इस स्टार्टअप के मुख्य फाउंडर हैं। उन्हें बचपन से ही लाइट्स और इलेक्ट्रॉनिक्स में खास दिलचस्पी थी। उनके पिता एक इलेक्ट्रीशियन हैं, इसलिए घर में पहले से ही इलेक्ट्रिकल काम का माहौल था। रवि ने पंजाब यूनिवर्सिटी, चंडीगढ़ से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की और वहीं पहली बार इस खास लाइट तकनीक पर काम शुरू किया।

प्रिंस कुमार (19 वर्ष) सबसे कम उम्र के फाउंडर हैं। उन्होंने बहुत कम उम्र में ही प्रोग्रामिंग(कोडिंग) सीख ली थी। प्रिंस ने RCX Light की एक वेबसाइट बनाई और इन लाइट्स को कंट्रोल करने वाला सॉफ्टवेयर भी डेवलप किया। फिलहाल अभी वे दिल्ली टेक्निकल यूनिवर्सिटी से कंप्यूटर साइंस की पढ़ाई कर रहे हैं।

रवि कुमार (26 वर्ष) इस स्टार्टअप के तीसरे को-फाउंडर हैं और रवि चंद के बचपन के दोस्त हैं। पहले वे UPSC की तैयारी कर रहे थे, लेकिन जब उन्होंने इस बिजनेस की संभावना देखी, तो पूरी तरह से इस स्टार्टअप में जुड़ गए और आज कंपनी के कामकाज को अच्छी तरह से  संभालते हैं।


YouTube वीडियो से कैसे बदली RCX Light की किस्मत?

रवि चंद ने कॉलेज के दौरान अपने बनाए हुए लाइट प्रोटोटाइप को पहली बार अपने पड़ोसी की दो मंज़िला बिल्डिंग पर लगाया। खुद का घर छोटा होने की वजह से वह अपने घर पर यह लाइट नहीं लगा पाए। उन्होंने इस पूरे लाइट शो का एक वीडियो बनाया और उसे YouTube पर अपलोड कर दिया। यह वीडियो देखते ही देखते वायरल हो गया। सिर्फ 2–3 दिनों में करीब 10 लाख लोगों ने इसे देख लिया।

वीडियो वायरल होते ही रवि के पास लगातार फोन आने लगे। लोग अपने घर, फंक्शन, शादी और इवेंट्स के लिए ऐसी ही लाइट लगाने की डिमांड करने लगे। यही वो मोड़ था, जहां एक कॉलेज प्रोजेक्ट एक असली बिज़नेस में बदल गया।


रेलवे के DRM ऑफिस से RBI तक: RCX Light का सफर

RCX Light की कहानी में सबसे बड़ा मोड़ तब आया जब उन्होंने रेलवे के DRM ऑफिस में अपनी लाइटिंग लगाई। शुरुआत में फाउंडर्स ने रेलवे अधिकारियों को पिच किया, लेकिन उन्होंने कहा कि इसके लिए पैसे नहीं दे सकते। फिर भी रवि चंद ने हार नहीं मानी। उन्होंने अपने दोस्तों और परिवार से ₹1.5 लाख इकट्ठे किये और DRM ऑफिस की बिल्डिंग पर लाइटिंग कर दी।

इस काम की खूब चर्चा हुई और DRM ऑफिस को बेस्ट लाइटिंग का अवॉर्ड भी मिला। इसी के बाद दूसरी DRM ऑफिस ने भी इन्हें ₹6 लाख का प्रोजेक्ट दिया।

लेकिन असली टर्निंग पॉइंट तब आया जब RCX Light ने RBI (Reserve Bank of India) की मुख्य बिल्डिंग पर लाइटिंग की। RBI की बिल्डिंग करीब 370 फीट ऊँची और 28 मंज़िल वाली है। यह पहला बड़ा प्रोजेक्ट था जिसमें कंपनी ने बहुत बड़ा रिस्क लिया था। टेंडर ₹5 लाख का था, लेकिन कुल खर्च ₹40–₹45 लाख तक पहुँच गया था। पैसे जुटाने के लिए फाउंडर्स ने पर्सनल लोन तक लिया।

यह प्रोजेक्ट RCX Light के लिए एक बहुत बड़ा सबूत बन गया कि उनका सिस्टम बड़े स्तर पर भी काम कर सकता है। इसी वजह से अब उनके पास बड़े प्रोजेक्ट्स मिलने के दरवाजे भी खुलने लगे।


Shark Tank India 5 में RCX Light की पिच

Shark Tank India 5 में RCX Light के फाउंडर्स ने ₹50 लाख के लिए 5% Equity मांगी, यानी कंपनी का evaluation ₹10 करोड़ बताया। उन्होंने बताया कि उनकी टेक्नोलॉजी किसी भी बिल्डिंग को डिजिटल स्क्रीन में बदल देती है।

Sharks को उनका आइडिया और काम बहुत पसंद आया, लेकिन valuation पर सवाल भी हुए। अंत में अमन गुप्ता ने ₹10 लाख Equity + ₹40 लाख लोन का ऑफर दिया, 12% ब्याज पर 3 साल के लिए। फाउंडर्स ने यह डील स्वीकार कर ली।

इस तरह RCX Light ने Shark Tank India से सिर्फ फंडिंग ही नहीं, बल्कि बड़ी मार्केट Validation भी हासिल की।


RCX Light का Future Plan (आगे क्या करना चाहते हैं?)

RCX Light अब बड़े शहरों और बड़े इवेंट्स में अपना काम बढ़ाना चाहता है। कंपनी का लक्ष्य है कि सरकारी भवन, मॉल, होटल, शादी-समारोह और बड़े आयोजनों में यह लाइटिंग ज्यादा से ज्यादा जगहों पर जाए।

इसके साथ ही RCX Light आने वाले समय में विज्ञापन और ब्रांडिंग के लिए भी डिजिटल बिल्डिंग स्क्रीन के उपयोग को बढ़ाना चाहता है। यानी भविष्य में यह टेक्नोलॉजी सिर्फ शो नहीं, बल्कि बिजनेस और मार्केटिंग का बड़ा हिस्सा बन सकती है।


निष्कर्ष

RCX Light की कहानी यह साबित करती है कि बड़ा आइडिया सिर्फ बड़े शहरों से ही नहीं आता। छपरा जैसे छोटे शहर से निकलकर भी तीन युवाओं ने RBI और रेलवे जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स किए। Shark Tank में भले ही पूरी डील न मिली हो, लेकिन अमन गुप्ता का भरोसा और देशभर में उनकी पहचान यह दिखाती है कि RCX Light का भविष्य उज्जवल है।


FAQs (RCX Light के बारे में अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)

Q1. RCX Light क्या करता है?

RCX Light पिक्सल डॉट टेक्नोलॉजी से किसी भी बिल्डिंग को डिजिटल स्क्रीन में बदल देता है, जिसमें टेक्स्ट, फोटो और वीडियो चलाए जा सकते हैं।

Q2. RCX Light के फाउंडर्स कौन हैं?

RCX Light के फाउंडर्स हैं: प्रिंस कुमार, रवि चंद शर्मा और रवि कुमार।

Q3. RCX Light की शुरुआत कैसे हुई?

रवि चंद ने कॉलेज में प्रोटोटाइप बनाया और उसका वीडियो YouTube पर डाला, जो वायरल हो गया। इसके बाद लोगों ने ऑर्डर देना शुरू किया और कंपनी बनी।

Q4. RCX Light का सबसे बड़ा प्रोजेक्ट कौन सा रहा?

RCX Light ने RBI (Reserve Bank of India) की 28 मंज़िला बिल्डिंग पर लाइटिंग की, जो उनका सबसे बड़ा प्रोजेक्ट माना जाता है।

Q5. Shark Tank India में RCX Light को कितनी फंडिंग मिली?

Shark Tank India में अमन गुप्ता ने 5% इक्विटी के बदले ₹10 लाख और 12% ब्याज पर ₹40 लाख लोन दिया।


Disclaimer: यह लेख सामान्य जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है। इसमें दी गई जानकारी सार्वजनिक स्रोतों और शो के प्रसारण पर आधारित है। किसी भी निवेश या व्यावसायिक निर्णय से पहले कृपया अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श करें।


Sachin Patel

Hello! मेरा नाम Sachin Patel है, और मैं KarobarKaro.com का Content Creator हूँ। मैं अपने readers को business ideas, startup ideas और inspiring success stories के बारे में simple, practical और आसान भाषा में share करता हूँ।

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